Skip to main content

Universal Brotherhood Day in Bilaspurसितंबर 1893 मैं शिकागो धर्म संसद में स्वामी विवेकानंद के भाषण की 125वीं जयंती एवं विश्व बंधुत्व दिवस के अवसर पर विवेकानंद केंद्र बिलासपुर द्वारा विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिसमे कुल लगभग 800 लोगो की उपस्थिति रही । 

1) इस अवसर पर बिलासपुर वासियों में नव चेतना का संचार करने के लिए तथा विवेकानंद केंद्र बिलासपुर द्वारा अपने कार्यों में जनता को सीधे जोड़ने एवं केंद्र द्वारा किए गए कार्यों में सक्रिय सहयोग प्राप्त करने हेतु जनता का आह्वान करने के लिए 11 सितंबर 2017 को दोपहर 2 बजे शिशु भवन के सामने स्थित प्रेस क्लब में श्री करमरकर जी का प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित किया गया  । 

प्रेस कॉन्फ्रेंस में विवेकानंद केंद्र बिलासपुर के कार्यो पर प्रकाश डाला गया एवं स्वामी जी के द्वारा राष्ट्र निर्माण में किए गए कार्यों की भी चर्चा की गई, साथ ही साथ राष्ट्रीय प्रकाशन संस्थान जो विवेकानंद केंद्र के साहित्य का प्रकाशित प्रकाशन करता है उसके बारे में भी जानकारी दी गई एवम् पत्रकारों को अपने पत्रकारिता पर राष्ट्रहित का ध्यान रखते हुए अपने कार्यों को संपादित करना है इस संबंध में भी चर्चा की गई । विवेकानंद केंद्र बिलासपुर के नए नगर संगठक द्वारा इस संबंध में किए गए विशेष कार्यों का भी उल्लेख किया गया । इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में विवेकानंद केंद्र द्वारा योगमय बिलासपुर के अभियान को सफल बनाने में जनता की सक्रिय भागीदारी एवं योगदान सुनिश्चित करने के लिए आह्वान  किया गया, आशा इसका परिणाम भी अच्छा आएगा । साथ ही विवेकानंद केंद्र बिलासपुर के आदरणीय उल्हास वारे (विभाग संपर्क प्रमुख), आदरणीय प्रतीक शर्मा जी (संचालक), आदरणीय प्रभाकर लिडबिडे जी (व्यवस्था प्रमुख) एवं आशुतोष शुक्ल (नगर युवा प्रमुख) उपस्थित रहे ।

2) 11 सितंबर 2017 को सायं 6:30 से 8:00 बजे तक रामदुलारे विद्यालय, सरकंडा, बिलासपुर में विश्व बंधुत्व दिवस के शुभ अवसर पर स्वामी विवेकानंद जी की दृष्टि में सामाजिक समरसता विषय पर व्याख्यान का आयोजन किया गया था, जिसमें कुल 412 लोग उपस्थित रहे । इस अवसर पर मंच में मुख्य अतिथि श्री विश्वेश ठाकरे जी (सचिव, प्रेस क्लब बिलासपुर), मुख्य वक्ता श्री अरुण करमरकर जी (विवेकानंद केंद्र प्रकाशन विभाग, संपादक मंडल )  एवं अध्यक्षता कर रहे श्री प्रतीक शर्मा जी (अधिवक्ता एवं संचालक विवेकानंद केंद्र बिलासपुर) विराजमान रहे ।

विवेकानंद केंद्र की गौरवशाली परंपरा के अनुसार कार्यक्रम का प्रारंभ तीन ओंकार एवं प्रार्थना से हुआ । शर्मा जी ने सारगर्भित रूप से विवेकानंद केंद्र का परिचय बताया । ठाकरे जी ने अपने संक्षिप्त व्यक्तव्य में विश्व बंधुत्व दिवस का महत्व समझाया साथ ही सहिष्णुता और असहिष्णुता पर व्याख्यान देते हुए कहा किसी एक पार्टी विशेष को असहिष्णु कहना ठीक नहीं है, यही वे सभी तथाकथित सहिष्णु है तो केरल की घटना में पत्रकार आदि की हत्या में क्यों चुप रहे  । इसके उपरांत श्रीमती सरिता आयदे जी ने मधुर प्रेरणादायक गीत लिया एवं आशुतोष शुक्ल, नगर युवा प्रमुख ने  ओजस्वी विवेक वाणी बोला, इसके बाद मुख्य वक्ता श्री करमरकर जी का व्याख्यान प्रारम्भ हुआ उन्होंने कहा - स्वामी विवेकानंद जी के शिकागो भाषण के उपरांत ही विश्व में भारत की गौरवमई छवि स्थापित हुई, उन्होंने भारत को विश्वगुरु बनाने में प्रत्येक व्यक्ति के महत्वपूर्ण स्थान एवम् सहयोग पर बल दिया । श्री संतोष ठाकुर जी नगर स्वाध्याय वर्ग प्रमुख वि. केंद्र बिलासपुर ने आभार व्यक्त किया । कार्यक्रम का संचालन सविता प्रथमेश जी ने किया । कार्यक्रम के अंत में प्रतियोगिता में उत्कृष्ट स्थान प्राप्त किए बच्चों को प्रसस्ति-पत्र प्रदान किये गया, एवम् इनके पलकों से सम्पर्क किया जा रहा है भविष्य में इनका संस्कार वर्ग लिया जायेगा और 12 जनवरी 2018 के सूर्यनमस्कार महायज्ञ में भी इस प्रतियोगिता से सकारात्मक परिणाम मिलेगा । इस अवसर पर काशीनाथ गोर जी (विभाग संघ चालक आरएसएस), विवेकानंद केंद्र के नगर संगठक बाला जी,  उल्हास वारे जी(विभाग संपर्क प्रमुख), डॉ ॐ माखीजा जी, संजय आयदे जी (सह नगर प्रमुख), डॉ  किरण देवरस जी (संचालक) , बी एन तिवारी जी (कुलसचिव जी.जी यु), राजकुमार सचदेव जी (कुलसचिव प.सु. शर्मा), राकेश पाण्डेय जी (विस्तार प्रमुख), विवेक पाण्डेय जी (विस्तार प्रमुख), अनिल साहू जी, कोमल, संदीप, सुरेखा, युगल आदि उपस्थित रहे ।

3) 10 सितंबर 2017 : ग्राम स्थान निरतु में विश्व बंधुत्व दिवस मनाया गया इस उपलक्ष्य में सुबह से ही इवेंट प्रारंभ हो गया । ग्राम के स्थानीय कार्यकर्ताओं द्वारा सुबह 5:00 बजे स्वच्छ ग्राम अभियान चलाया गया । सुबह 8:00 बजे ग्राम स्थान के कार्यकर्ताओं ने संपूर्ण ग्राम से चाय पत्ती, दूध, शक्कर, इलायची, पानी आदि मांगा, जिसे मिलाकर शाम को विश्व बंधुत्व दिवस के कार्यक्रम में चाय बनाई गई । ऐसा करने का उद्देश्य ग्राम वासियों को इस कार्यक्रम में सहभागी बनाना था । ताकि उन्हें अनुभव हो सके इस कार्यक्रम में मेरा भी कुछ योगदान निश्चित तौर पर है। 

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आदरणीय पांडे सर (गवर्नमेंट स्कूल के वरिष्ठ शिक्षक) तथा मुख्य वक्ता के रूप में नगर संगठन बिलासपुर उपस्थित रहे । उनका उद्बोधन "दैनिक जीवन में सामाजिक समरसता" विषय पर था । इसके बाद एक नाटक का प्रस्तुतिकरण किया गया जिसका शीर्षक था "पशु ग्रामसभा" इसका उद्देश्य जातिभेद पर कटाक्ष करना था । एक देश भक्ति गीत  संस्कार वर्ग शिक्षक ने लिया । कार्यक्रम के अंत में सफल युवा युवा भारत परीक्षा में उत्कृष्ट स्थान प्राप्त किए प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र भी प्रदान किए गए । इस परीक्षा में प्रथम एवं द्वितीय स्थान बहनों ने ही प्राप्त किया था जिसे ध्यान में रखते हुए एक नारा दिया गया । "फर्स्ट भी बहन, सेकंड भी बहन तो माता और बहन क्यों नहीं सहन?" इसके माध्यम से एक आत्मा भाव को दर्शाया गया उन्हें जिन्हें चौकी से आगे बढ़ाकर सामाजिक क्षेत्र में योगदान देने के लिए तत्पर करना तथा सामाजिक रुप से स्थापित करना था । कार्यक्रम में प्रारंभ में 90 की संख्या थी जोकि धीरे से बढ़कर 170 तक पहुंच गई ।

4) 12 सितंबर 2017 को विवेकानंद केंद्र बिलासपुर द्वारा विवेकानंद विद्यालय तोरवा में विश्व बंधुत्व दिवस का कार्यक्रम मनाया गया कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रुप में वर्मा स्वर तथा चंदेल स्वर उपस्थित रहे मुख्य वक्ता नगर संगठक बिलासपुर ने सामाजिक समरसता विषय पर उद्बोधन दिया। विवेकानंद केंद्र का परिचय एवं कार्यक्रम की भूमिका रखी गई । तत्पश्चात कोमल दीदी ने एक्शन सॉन्ग ( क्रियात्मक गीत) लिया । एक नाटक प्रस्तुत किया गया जिसका विषय था स्वच्छ भारत इसके बाद दो खेल भी हुए । छठवीं कक्षा की एक बच्ची ने स्वामी विवेकानंद के जीवन पर भाषण दिया । सफल युवा युवा भारत परीक्षा में उत्कृष्ट स्थान प्राप्त किए प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र प्रदान किया गया तथा नाटक में भाग लिए प्रतिभागियों को अलग से प्रमाण पत्र प्रदान किया गया कार्यक्रम में कुल लगभग 165 लोग उपस्थित रहे ।

State

Get involved

 

Be a Patron and support dedicated workers for
their Yogakshema.

Join in Nation Building
by becoming teacher in North-East India.

Doctors are required
in IOCL Vivkenanda
Kendra's Hospital.

Opportunities for the public to cooperate with organizations in carrying out various types of work